Search News
Tip: Search by heading, content, category, city, state, highlights.
महिंद्रा का विदर्भ दांव
15 हजार करोड़ निवेश से विदर्भ में औद्योगिक क्रांति की शुरुआत
महिंद्रा लगाएगी 15,000 करोड़ का दांव, विदर्भ में बनेगा अत्याधुनिक ऑटो सुपर प्लांट
06 Feb 2026, 10:42 AM Maharashtra - Mumbai
Reporter : Mahesh Sharma
ADVERTISEMENT Sponsored
Ad
Open
Mumbai महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र के लिए औद्योगिक विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए महिंद्रा एंड महिंद्रा ने 15,000 करोड़ रुपये के बड़े निवेश का ऐलान किया है। इस निवेश के तहत नागपुर क्षेत्र में एक अत्याधुनिक “सुपर मैन्युफैक्चरिंग प्लांट” स्थापित किया जाएगा, जिससे हजारों युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खुलने की उम्मीद है।

महिंद्रा समूह ने इस निवेश की घोषणा ‘एडवांटेज विदर्भ’ कार्यक्रम के दौरान की, जिसका उद्देश्य विदर्भ को देश के प्रमुख औद्योगिक हब के रूप में विकसित करना है। यह प्लांट न केवल महाराष्ट्र बल्कि पूरे भारत के ऑटोमोबाइल सेक्टर के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हो सकता है।

कंपनी के अनुसार, इस मेगा प्लांट में महिंद्रा के नेक्स्ट जेनरेशन वाहन प्लेटफॉर्म को तैयार किया जाएगा। यहां पेट्रोल, डीजल के साथ-साथ इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) का भी निर्माण होगा। खास बात यह है कि प्लांट को भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए ग्रीन और स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग मॉडल पर विकसित किया जाएगा।

इस परियोजना से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से हजारों नौकरियों के सृजन की संभावना है। स्थानीय युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण देकर उन्हें उद्योग से जोड़ा जाएगा, जिससे क्षेत्रीय आर्थिक विकास को नई रफ्तार मिलेगी। इसके साथ ही, छोटे और मध्यम उद्योगों (MSME) को भी सप्लाई चेन के जरिए बड़ा लाभ मिलने की उम्मीद है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह निवेश विदर्भ के लिए “गेम चेंजर” साबित होगा। लंबे समय से औद्योगिक पिछड़ेपन की छवि झेल रहे इस क्षेत्र में अब बड़े कॉर्पोरेट निवेश से बुनियादी ढांचे, सड़क, लॉजिस्टिक्स और स्किल डेवलपमेंट को मजबूती मिलेगी।

राज्य सरकार की ओर से भी इस परियोजना को लेकर उत्साह देखा जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि महिंद्रा का यह कदम निवेशकों का भरोसा बढ़ाएगा और महाराष्ट्र को ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरिंग का ग्लोबल हब बनाने की दिशा में मदद करेगा।

कुल मिलाकर, महिंद्रा का यह 15,000 करोड़ रुपये का सुपर प्लांट सिर्फ एक फैक्ट्री नहीं, बल्कि विदर्भ के आर्थिक भविष्य को नई पहचान देने वाला प्रोजेक्ट माना जा रहा है।